29 Dec 2025 66 Views
रायगढ़। जिंदल पावर लिमिटेड तमनार अपने प्रस्तावित गारे पेलमा सेक्टर 01 के भूमिधारकों के साथ आम जनमानस के सर्वांगीण विकास के लिए सदैव तत्पर है। विगत दिनों ग्राम धौंराभांठा में आयोजित लोकसुनवाई के विरोध में 14 गांव के प्रभावितों द्वारा 15 दिनों से लिबरा के सीएचपी चौक में कंपनी के विरुद्ध नाकेबंदी की है। ग्रामीणों की मांग है कि भूमिधारकों की जमीन के साथ साथ उनकी बसाहट वाली भूमि को भी क्रय कि जाए। वहीं ग्राम बिजना की जमीन दरें अन्य प्रभावित ग्रामों के बराबर की जाए या फिर जनसुनवाई निरस्त की जाये। कम्पनी 14 ग्रामों के भूमिधारकों के मांगों के सामने सहमत होती प्रतीत हो रही है।
कंपनी सक्षम अधिकारियों ने बताया कि संस्थान जेपीएल तमनार सेक्टर 01 के प्रभावित भूमिधाराकों और युवाओं महिलाओं के साथ आम नागरिकों समुचित विकास के लिए सदैव समर्पित और कटिबद्ध है। संस्थान की मंशा कभी भी किसानों के हित को अनदेखा करना नहीं रहा है। इसी क्रम में सूत्र ने बताया कि ग्राम बिजना की दरें ग्राम धौंराभाठा के समतुल्य होगी और ग्राम आमगांव, धौंराभाठा और लिबरा के भूमिधारकों की जमीन के साथ-साथ उनकी आवासीय जमीन की भी क्रय होगी। इससे स्पष्ट होता है कि कंपनी 14 ग्रामों के प्रभावितों के भूमिस्वामियों के बहुप्रतीक्षित मांगों को लेकर अपनी सकारात्मक रुख और सहमति जताई है।
इससे प्रतीत भी होता है कि आने वाले समय में विगत 15 दिन से जारी नाकेबंदी और जनसुनवाई के विरोध में ग्रामीणों का धरना का सुखद अंत होने वाला है। सूत्रों ने यह भी बताया है कि प्रभावित किसानों के साथ-साथ भूमिहीन किसानों को भी आर एंड आर पॉलिसी के सभी लाभ मिलेंगे। साथ ही उन्हें भी भूमिधारकों के सामान रोजगार व अन्य समस्त सुविधाएं मिलेंगी। अत: यह कहा जा सकता है कि कंपनी ने देर से ही सही किसानों के हितों का भी ख्याल रखा है।